तीन-चार दिन तक ऐसा ही रहेगा मौसम का मिजाज
भोपाल । अभी तीन-चार दिन तक मौसम का मिजाज इसी तरह बने रहने के आसार हैं।प्रभावी मौसम प्रणाली के सक्रिय नहीं होने से वातावरण शुष्क बना हुआ है। उत्तर भारत में न्यूनतम तापमान काफी कम है। शाम के समय हवाओं को रुख भी उत्तर-पूर्वी एवं उत्तर-पश्चिमी हो जाता है। उत्तर भारत की तरफ से आने वाली सर्द हवाओं से रात के तापमान में गिरावट हो रही है। इस तरह की स्थिति अभी तीन-चार दिन तक रह सकती है। मौसम विभाग के अनुसार, प्रदेश में वर्तमान में कोई प्रभावी मौसम प्रणाली सक्रिय नहीं है। हवाओं का रुख भी उत्तर-पूर्वी एवं उत्तर-पश्चिमी बना हुआ है। उत्तर भारत कड़ाके की ठंड की चपेट में है। वहां से लगातार आ रही सर्द हवाओं के कारण राजधानी सहित पूरे प्रदेश में रात के तापमान में गिरावट होने लगी है। साथ ही प्रदेश के उत्तरी एवं पूर्वी क्षेत्र में सुबह के समय घना कोहरा भी छा रहा है। पूर्व वरिष्ठ मौसम विज्ञानी अजय शुक्ला ने बताया कि प्रदेश के ग्वालियर, चंबल, रीवा, सागर, शहडोल और जबलपुर संभाग में न्यूनतम तापमान कम है। बादल भी नहीं हैं। साथ ही सुबह के समय हवा की रफ्तार भी काफी मंद बनी रहती है। इस वजह से लंबे समय तक घना कोहरा छाया रहता है। इसी क्रम में मंगलवार को सुबह के समय खजुराहो, ग्वालियर में दृश्यता 50 मीटर से भी कम रही। मंगलवार को प्रदेश में सबसे कम 4.6 डिग्री सेल्सियस तापमान रीवा में दर्ज किया गया। प्रदेश के 16 शहरों में रात का तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से कम रहा। हिल स्टेशन पचमढ़ी में रात का पारा 6.2 डिग्री सेल्सियस पर रहा। उधर, मंगलवार को ग्वालियर एवं छतरपुर में तीव्र शीतल दिन रहा।
महतारी वंदन योजना - नारी सशक्तिकरण की नयी मिसाल
जल संरक्षण में जनसहभागिता की अनूठी मिसाल
पटेल नगर कॉलोनाईजर के विरूद्ध एफआईआर कराने के निर्देश
मुख्यमंत्री डॉ. यादव की उपस्थिति में विजन@2047 के लक्ष्यों की प्राप्ति के लिए हुआ एम.ओ.यू.
सरकारी नौकरी पाने की खुशी चेहरों पर झलकी
उच्च शिक्षा उत्कृष्टता संस्थान (आईईएचई), भोपाल में नवीन सत्र 2025-26 के नवप्रवेशित विद्यार्थियों के लिए हुआ दीक्षारम्भ" कार्यक्रम
मिट्टी से सरोवर तक-वृक्ष से वर्षा तक लोक निर्माण विभाग की नई सोच
ग्रामों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए मुख्यमंत्री वृन्दावन ग्राम योजना का अनुमोदन
"एक बगिया मां के नाम" बनेगी आजीविका का नया माध्यम, महिलाएं होंगी लाभान्वित : मुख्यमंत्री डॉ. यादव