बिजनौर: जूता चुराई की रस्म ने बिगाड़ा माहौल, दूल्हा-दुल्हन हुए अलग
उत्तर प्रदेश के बिजनौर में एक शादी समारोह में जूता चुराई की रस्म से बवाल हो गया. बराती और घराती आपस में भिड़ गए. इस बीच घरातियों ने बरातियों को बंधक बना डाला. हालात इतने बिगड़े कि निकाह के कुछ समय के बाद ही दूल्हा-दुल्हन के बीच तलाक हो गया. जानकारी मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों के बीच समझौता कराया, जिसके बाद बरात बिना दुल्हन के वापस लौट गई.
मामला बिजनौर जिले के नांगल थाना क्षेत्र के गांव सराय आलम का है. यहां दो बहनों की बरात आई थी. एक बरात चांदपुर और दूसरी नजीबाबाद से आई. एक बरात खुशी-खुशी विदा हो गई. दूसरी बरात में जूते चुराई रस्म के दौरान पैसों को लेकर विवाद हो गया. दुल्हन पक्ष ने पूरी बरात को बंधक बना लिया. इस बीच दूल्हा और दुल्हन का निकाह हो चुका था, जो कुछ ही समय बाद तीन तलाक के मामले मे तब्दील हो गया.
निकाह तक रहा सब ठीक ठाक
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, गांव निवासी आसिफ की दो बेटियों की बरात नांगल स्थित भारत बैंक्वेबैंक्वेट हाल में आई थी. चांदपुर से आई बरात सभी रस्मों के बाद विदा हो गई. नजीबाबाद के गांव हर्षवाड़ा से आई रिजवान की बरात में विवाद हो गया. बताया जा रहा है कि निकाह तक सब कुछ ठीक ठाक था. उसके बाद जब जूता चुराई की रस्म हुई तो दूल्हा और दुल्हन पक्ष में कहासुनी हो गई.
जूते चुराई की रस्म से हुआ विवाद
घटना के मुताबिक, जब रिजवान की साली ने उसका जूता चुरा लिया. उसके बदले 15 हजार रुपये मांगे गए. दूल्हा पक्ष की ओर से 5 हजार रुपये दिए जा रहे थे. इसी बात पर दोनों पक्षों के बीच कहासुनी होने लगी. बात इतनी बढ़ी कि दुल्हन पक्ष ने बारातियों को बंधक बना लिया और उन्हें गांव ले गए. जानकारी इलाका पुलिस को हुई तो दोनों पक्षों के लोगों को हिरासत में लिया गया. बाद में उनमें आपसी समझौता हो गया और दूल्हा-दुल्हन के बीच तलाक के बाद सभी बराती बिना दुल्हन के वापस लौट गए. पुलिस का कहना है कि दोनों पक्षों की ओर से कोई शिकायत नहीं की गई थी.
महतारी वंदन योजना - नारी सशक्तिकरण की नयी मिसाल
जल संरक्षण में जनसहभागिता की अनूठी मिसाल
पटेल नगर कॉलोनाईजर के विरूद्ध एफआईआर कराने के निर्देश
मुख्यमंत्री डॉ. यादव की उपस्थिति में विजन@2047 के लक्ष्यों की प्राप्ति के लिए हुआ एम.ओ.यू.
सरकारी नौकरी पाने की खुशी चेहरों पर झलकी
उच्च शिक्षा उत्कृष्टता संस्थान (आईईएचई), भोपाल में नवीन सत्र 2025-26 के नवप्रवेशित विद्यार्थियों के लिए हुआ दीक्षारम्भ" कार्यक्रम
मिट्टी से सरोवर तक-वृक्ष से वर्षा तक लोक निर्माण विभाग की नई सोच
ग्रामों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए मुख्यमंत्री वृन्दावन ग्राम योजना का अनुमोदन
"एक बगिया मां के नाम" बनेगी आजीविका का नया माध्यम, महिलाएं होंगी लाभान्वित : मुख्यमंत्री डॉ. यादव